Archimedes Biography in Hindi | महान गणितज्ञ आर्किमिडिज की जीवनी

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Archimedes Biography in Hindi | महान गणितज्ञ आर्किमिडिज की जीवनीमहान गणितज्ञ आर्किमिडिज (Archimedes) को अपने समय में The Wise one , The Master और The Great Geometer के नाम से भी जाना जाता था | वो अपने कार्य तथा खोजो के बल पर काफी प्रसिद्ध रहे | वो महानतम ग्रीक गणितज्ञो में से एक थे | आर्किमिडिज (Archimedes) का जन्म 287 ईस्वी पूर्व में साइराकस में हुआ था | वो एक खगोलशास्त्री फिडियास के पुत्र थे | उन्होंने अलेक्सेनिया के युक्लिड विद्यालय से शिक्षा ग्रहण की | वो अक्सर गणित के सवाल हल करने में इतना खो जाते थे कि खाना पीना भूल जात थे |

उस समय कागज एवं ब्लैकबोर्ड के अभाव में वे राख के अभाव में वे राख पर ज्यामितीय आकृतिया उकेरने लगते | आर्किमिडिज (Archimedes) एक गणितज्ञ तो थे ही मशीनों के विषय में भी उनकी बुद्धि अद्भुद थी | उन्होंने साइकारस को रोम के चंगुल से बचाने के लिए कई प्रकार के अविष्कार किये | एक बार वो वस्तु एवं द्रव से उसके भार के सिद्धांत पर विचार कर रहे थे | वो उसमे पुरी तरह तल्लीन थे |    अचानक नहाते नहाते उन्हें उसका समाधान मिला | वो उसी अवस्था में प्रसन्न होकर चिल्लाते चिल्लाते हुए भागे –यूरेका ! यूरेका ! (मिल गया )

आर्किमिडिज (Archimedes) ने लीवर के सिद्धांत पर कार्य किया | बड़े अंक प्रकट करने की विधि विकसित की | ठोस का क्षेत्रफल तथा भार ज्ञात किया | पाई का अनुमानित मूल्य निकालकर पानी को उंचा उठाने की मशीन बनाई | उन्होंने रोमनो के खिलाफ युद्ध में कई तरह की मशीनों का प्रयोग किया | उन्होंने साइकारस के मित्र राजा हीरो के अनुरोध पर शहर के तनाव के लिए शस्त्र बनाये जो काफी उपयोगी रहे | आर्किमिडिज ने अपने शस्त्रों का जौहर दिखाया |

दर्पणों के माध्यम से शत्रु सेना के जहाजो पर सूर्य किरने केन्द्रित की गयी और उनमे आग लग गयी | बड़ी बड़ी क्रेन जहाजो को उठाकर पानी पटक देती थी | युद्ध विराम तो हो गया लेकिन कुछ समय बाद वो एक रोमन सैनिक के हातो मारे गये | कहते है कि उन्हें नही पता था कि शहर पर कब्जा हो गया है | वो धुल में बैठे आकृतिया बना रहे थे |रोमन सैनिक ने कहा कि वे उसके साथ चले पर अपनी धुन में मग्न आर्किमिडिज  (Archimedes) बोले “वृत खराब मत करो ” | सैनिक ने क्रोध में आकर उसी समय महान गणितज्ञ का वध कर दिया |

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